सिक्किम की डॉक्टर लड़की को हमीरपुर के डॉक्टर लड़के से हुआ प्यार, दोनों ने मिलकर शाहपुर को ‘पल्स मेडिसिटी’ अस्पताल का दिया उपहार
सिक्किम की डॉक्टर लड़की को हमीरपुर के डॉक्टर लड़के से हुआ प्यार, दोनों ने मिलकर शाहपुर को ‘पल्स मेडिसिटी’ अस्पताल का दिया उपहार
विनोद भावुक। शाहपुर
प्यार रास्ते नहीं पूछता, बस मंज़िल चुन लेता है। कुछ ऐसा ही हुआ जब सिक्किम की एक डॉक्टर लड़की और हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर के डॉक्टर की राहें एक-दूजे से टकराईं। पहले साथ काम शुरू हुआ, फिर अपनापन बढ़ा और देखते ही देखते यह रिश्ता दिल से दिल तक पहुँच गया। चिकित्सा की ड्यूटी, अस्पतालों की व्यस्त जिंदगी और मरीजों की चिंता, इन्हीं सबके बीच जन्मी एक सुंदर प्रेम कहानी।
प्रेमी जीवन साथी बने और यह संयोग कांगड़ा जिला के शाहपुर कस्बे के लोगों के लिए वरदान बन गया। आज यह दोनों एनेस्थीसिया और क्रिटिकल केयर स्पेशलिस्ट डॉ. रिपिन हीरा और गाइनी, ऑब्सटेट्रिक्स और इनफर्टिलिटी विशेषज्ञ डॉ. हीशे पालमु शाहपुर में ‘पल्स मेडिसिटी मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल चला रहे हैं, जो थोड़े से समय में लोगों का विश्वास जीतने में सफल रहा है।
शाहपुर में आकर सच हुआ सपना
वक्त गुजरा, अनुभव बढ़ा और दोनों ने महसूस किया कि अगर अपना अस्पताल हो, अपनी गाइडलाइन हो और मरीजों को किसी दबाव के बिना इलाज दिया जाए— तो बहुत कुछ बदल सकता है। यही सोच उन्हें शाहपुर ले आई और नींव पड़ी शाहपुर के आधुनिक और भरोसेमंद अस्पताल की।
ऐसे पड़ी मॉडर्न अस्पताल की नींव
एक खाली पड़ी बिल्डिंग लीज़ पर ली गई, दीवारें बदलीं, सोच बदली, सुविधाएं जोड़ी गईं और धीरे-धीरे खड़ा हुआ पल्स मेडिसिटी अस्पताल, जिसमें आज मेडिसिन और क्रिटिकल केयर, गाइनी व ऑब्सटेट्रिक्स तथा इनफर्टिलिटी, ऑर्थोपेडिक्स: ट्रॉमा, जॉइंट रिप्लेसमेंट, आर्थ्रोस्कोपी रेडियोलॉजी, यूरोलॉजी, न्यूरो व कार्डियक इमरजेंसी और 24×7 लैब व इमरजेंसी सेवाएँ उपलब्ध हैं।
पल्स मेडिसिटी शाहपुर के लिए सिर्फ अस्पताल नहीं, रोज़गार का नया केंद्र भी है। नर्सिंग, लैब टेक्नीशियन, फ्रंट डेस्क, सिक्योरिटी, ड्राइवर और अकाउंट्स जैसी पोस्टों पर 95% लोग शाहपुर और आसपास के गांवों के हैं। यह अस्पताल शाहपुर के 50 से अधिक परिवारों को घर के पास रोजगार प्रदान कर रहा है।
किफायती और बेहतर इलाज का भरोसा
डॉ. रिपिन कहते हैं कि हम चाहते हैं कि मरीजों को किफायती और बेहतर इलाज मिले। प्राइवेट अस्पताल महंगे और डराने वाले लगते हैं। हम उस छवि को बदलना चाहते हैं। जल्द ही इस अस्पताल को और बड़ा करने की प्लानिंग जारी है। डॉ. हीशे कहती हैं कि इंफर्टिलिटी, डिलीवरी और महिला स्वास्थ्य के लिए शाहपुर और आसपास की महिलाओं को अब दूर नहीं जाना पड़ेगा।
3 नवंबर से इस अस्पताल का संचालन शुरू किया जा चुका है। शाहपुर के लिए यह सिर्फ अस्पताल नहीं, एक प्रेम भरी साझेदारी की सौगात है। जहाँ दो डॉक्टरों का प्यार एक परिवार बना, वहीं उनकी सोच और मेहनत से शाहपुर को मिला एक ऐसा अस्पताल, जो सपनों से जन्मा है, सेवा से चलता है और लोगों के भरोसे को बढ़ाता है।
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